॥ शुभमस्तु ॥

नामकरण मुहूर्त जुलाई 2027

जुलाई 2027 में नामकरण के 12 शुभ मुहूर्त: 4, 5, 9, 12, 14, 18, 19, 21, 25, 26, 29, 30 जुलाई। तिथि, नक्षत्र, योग, भद्रा और राहुकाल के कारण सहित, अपने शहर के समय के साथ।
किस कार्य के लिए?
अपनी राशि से मिलाएँ (वैकल्पिक)

राशि से चंद्र बल और नक्षत्र से तारा बल जुड़ता है। विवाह में दोनों पक्षों के लिए अलग से देखें।

अवधि

आपके चयन के अनुसार परिणाम तैयार हैं।

नामकरण मुहूर्त: 12 शुभ तिथियाँ

1 जुलाई – 31 जुलाई 2027 · नई दिल्ली

जिन तिथियों को परिवार को भेजना है, उन्हें चुनें।

  1. 4जुलाईरविवार

    शुभ

    दोपहर 2:09 – शाम 5:38

    अमावस्या · पुनर्वसु नक्षत्र · ध्रुव योग

    • शुक्ल पक्ष (बढ़ता चंद्रमा)
    • राहुकाल और यमगंड का समय हटाया गया
  2. 5जुलाईसोमवार

    उत्तम

    दोपहर 12:25 – रात 7:22

    अन्य समय: सुबह 5:28 – सुबह 7:12 · सुबह 8:56 – सुबह 10:41

    शुक्ल द्वितीया · पुनर्वसु नक्षत्र · व्याघात योग

    • सोमवार अनुकूल वार
    • सर्वार्थ सिद्धि योग
    • शुक्ल पक्ष (बढ़ता चंद्रमा)
    • अभिजित मुहूर्त शामिल
    • राहुकाल और यमगंड का समय हटाया गया
  3. 9जुलाईशुक्रवार

    शुभ

    दोपहर 12:26 – दोपहर 3:54

    अन्य समय: सुबह 5:30 – सुबह 10:42 · शाम 5:38 – रात 7:22

    शुक्ल षष्ठी · उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र · वरीयान योग

    • शुक्रवार अनुकूल वार
    • शुक्ल पक्ष (बढ़ता चंद्रमा)
    • अभिजित मुहूर्त शामिल
    • राहुकाल और यमगंड का समय हटाया गया
  4. 12जुलाईसोमवार

    उत्तम

    दोपहर 12:26 – रात 7:21

    शुक्ल नवमी · स्वाती नक्षत्र · सिद्ध योग

    • सोमवार अनुकूल वार
    • शुक्ल पक्ष (बढ़ता चंद्रमा)
    • अभिजित मुहूर्त शामिल
    • राहुकाल और यमगंड का समय हटाया गया
  5. 14जुलाईबुधवार

    उत्तम

    दोपहर 2:10 – रात 7:21

    शुक्ल एकादशी · अनुराधा नक्षत्र · शुक्ल योग

    • बुधवार अनुकूल वार
    • सर्वार्थ सिद्धि योग
    • अमृत सिद्धि योग
    • शुक्ल पक्ष (बढ़ता चंद्रमा)
    • राहुकाल और यमगंड का समय हटाया गया
    • भद्रा (विष्टि करण) का समय हटाया गया
  6. 18जुलाईरविवार

    सामान्य

    दोपहर 3:18 – शाम 5:36

    पूर्णिमा · उत्तराषाढ़ा नक्षत्र · विष्कम्भ योग

    • सर्वार्थ सिद्धि योग
    • शुक्ल पक्ष (बढ़ता चंद्रमा)
    • राहुकाल और यमगंड का समय हटाया गया
  7. 19जुलाईसोमवार

    शुभ

    दोपहर 12:27 – रात 7:19

    अन्य समय: सुबह 5:35 – सुबह 7:18 · सुबह 9:01 – सुबह 10:44

    कृष्ण प्रतिपदा · उत्तराषाढ़ा नक्षत्र · विष्कम्भ योग

    • सोमवार अनुकूल वार
    • अभिजित मुहूर्त शामिल
    • राहुकाल और यमगंड का समय हटाया गया
  8. 21जुलाईबुधवार

    शुभ

    सुबह 9:01 – दोपहर 12:27

    अन्य समय: सुबह 5:36 – सुबह 7:19 · दोपहर 2:10 – दोपहर 3:35

    कृष्ण तृतीया · धनिष्ठा नक्षत्र · आयुष्मान योग

    • बुधवार अनुकूल वार
    • राहुकाल और यमगंड का समय हटाया गया
    • भद्रा (विष्टि करण) का समय हटाया गया
  9. 25जुलाईरविवार

    सामान्य

    सुबह 5:38 – सुबह 9:53

    कृष्ण षष्ठी · रेवती नक्षत्र · सुकर्मा योग

    • भद्रा (विष्टि करण) का समय हटाया गया
  10. 26जुलाईसोमवार

    शुभ

    सुबह 5:38 – सुबह 7:21

    अन्य समय: सुबह 9:03 – सुबह 10:25

    कृष्ण सप्तमी · अश्विनी नक्षत्र · धृति योग

    • सोमवार अनुकूल वार
    • राहुकाल और यमगंड का समय हटाया गया
  11. 29जुलाईगुरुवार

    शुभ

    सुबह 7:34 – दोपहर 2:09

    अन्य समय: दोपहर 3:50 – रात 7:14

    कृष्ण दशमी · रोहिणी नक्षत्र · वृद्धि योग

    • गुरुवार अनुकूल वार
    • अभिजित मुहूर्त शामिल
    • राहुकाल और यमगंड का समय हटाया गया
    • भद्रा (विष्टि करण) का समय हटाया गया
  12. 30जुलाईशुक्रवार

    शुभ

    सुबह 5:41 – सुबह 10:45

    अन्य समय: दोपहर 12:27 – दोपहर 3:50 · शाम 5:32 – रात 7:13

    कृष्ण द्वादशी · मृगशिरा नक्षत्र · ध्रुव योग

    • शुक्रवार अनुकूल वार
    • राहुकाल और यमगंड का समय हटाया गया
छोड़ी गई तिथियाँ और कारण (19)
तिथि, नक्षत्र और योग का शुभ मेल नहीं
1 जुल॰, 2 जुल॰, 7 जुल॰, 8 जुल॰, 11 जुल॰, 15 जुल॰, 16 जुल॰, 22 जुल॰, 23 जुल॰, 28 जुल॰
शनिवार इस कार्य के लिए वर्जित
3 जुल॰, 10 जुल॰, 17 जुल॰, 24 जुल॰, 31 जुल॰
मंगलवार इस कार्य के लिए वर्जित
6 जुल॰, 13 जुल॰, 20 जुल॰, 27 जुल॰

जुलाई 2027 में नई दिल्ली के लिए नामकरण के 12 शुभ मुहूर्त हैं: 4 जुलाई, 5 जुलाई, 9 जुलाई, 12 जुलाई, 14 जुलाई, 18 जुलाई, 19 जुलाई, 21 जुलाई, 25 जुलाई, 26 जुलाई, 29 जुलाई, 30 जुलाई।

नामकरण मुहूर्त कैसे देखा जाता है

नामकरण संस्कार परंपरा से जन्म के 11वें या 12वें दिन होता है। उस दिन संभव न हो तो शुभ तिथि, मृदु या क्षिप्र नक्षत्र और सोम, बुध, गुरु या शुक्रवार का दिन चुना जाता है।

  • नक्षत्र: अश्विनी, रोहिणी, मृगशिरा, पुनर्वसु, पुष्य, हस्त, चित्रा, स्वाती, अनुराधा, श्रवण, धनिष्ठा, शतभिषा, रेवती और तीनों उत्तरा
  • मंगलवार और शनिवार नहीं
  • रिक्ता तिथि और अमावस्या नहीं
  • केवल दिन के समय-खंड

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

नामकरण किस दिन करें?

परंपरा में जन्म के 11वें या 12वें दिन नामकरण होता है। सूतक के बाद की पहली शुभ तिथि भी ली जाती है।

नाम का पहला अक्षर कैसे तय होता है?

जन्म नक्षत्र के चरण से नाम का पहला अक्षर निकलता है। इसके लिए हमारा नक्षत्र कैलकुलेटर देखें।

अंतिम तिथि कैसे तय करें?

यह सूची सामान्य पंचांग नियमों पर आधारित है। अंतिम निर्णय से पहले अपने कुल-पुरोहित या पंडित जी से वर-वधू या परिवार की कुंडली के साथ मिलान अवश्य कराएँ।

ये तिथियाँ कैसे चुनी गईं

हर दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक तिथि, नक्षत्र, योग, करण और चंद्र राशि के सटीक बदलने के समय NASA JPL DE440s पंचांग गणना और लाहिड़ी अयनांश से निकाले जाते हैं। फिर कार्य के नियमों से मिलान होता है, और भद्रा, व्यतीपात, वैधृति, राहुकाल और यमगंड का समय हटाया जाता है।

पूरे दिन वर्जित
चातुर्मास, खरमास, गुरु-शुक्र अस्त, अधिक मास (कार्य के अनुसार)
अतिरिक्त अंक
सर्वार्थ सिद्धि, अमृत सिद्धि, गुरु-पुष्य, रवि-पुष्य, अभिजित मुहूर्त, शुक्ल पक्ष
व्यक्तिगत (वैकल्पिक)
चंद्र बल और तारा बल
लग्न शुद्धि और कुंडली मिलान इसमें शामिल नहीं हैं; इन्हें पंडित जी से देखवाएँ।

नामकरण मुहूर्त: महीने के अनुसार

जुलाई 2027 के अन्य मुहूर्त