॥ असतो मा सद्गमय ॥

ज्योतिष और परंपरा का अध्ययन

कुंडली, ग्रह, भाव, मंत्र, पर्व और पंचांग पर स्पष्ट, विस्तृत और संदर्भ-सचेत लेख। एक विषय से शुरू करें, एक-एक कदम।

सभी अध्ययन लेख

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9 मिनट का अध्ययन

ग्रहण दोष: सूर्य या चंद्रमा के साथ राहु-केतु, अंश और कुंडली उदाहरण

सूर्य या चंद्रमा की राहु-केतु के साथ अंश-दूरी से जाँच करें, खगोलीय ग्रहण व कुंडली संयोग का अंतर समझें और उदाहरणों से विश्लेषण पढ़ें।

9 मिनट का अध्ययन

श्रापित दोष: शनि-राहु संयोग, अंश-दूरी और कुंडली संदर्भ

श्रापित दोष कहे जाने वाले शनि-राहु संयोग को राशि-बल, भाव-स्वामित्व, अंश-दूरी और विंशोत्तरी दशा क्रम के आधार पर बिना भय के समझें।

12 मिनट का अध्ययन

वैदिक ज्योतिष के योग: प्रमुख प्रकार, गठन के नियम और जाँच की विधि

वैदिक ज्योतिष में राजयोग, धन योग, पंचमहापुरुष, चंद्र, रवि और नाभस योगों का वर्गीकरण तथा कुंडली में उनकी क्रमबद्ध जाँच विधि समझें।

12 मिनट का अध्ययन

वैदिक ज्योतिष में राजयोग: केंद्र-त्रिकोण नियम, योगकारक ग्रह और उदाहरण

पाराशरी केंद्र-त्रिकोण राजयोग के नियम, एकल योगकारक ग्रह, त्रिषडाय सह-स्वामित्व की सीमाएँ और कुंडली उदाहरण विस्तार से समझें।

11 मिनट का अध्ययन

धर्म-कर्माधिपति योग: नवमेश-दशमेश संबंध, नियम और कुंडली उदाहरण

सभी 12 लग्नों में नवमेश और दशमेश की युति, परस्पर दृष्टि या राशि-परिवर्तन से बनने वाले धर्म-कर्माधिपति योग के नियम और उदाहरण जानें।

10 मिनट का अध्ययन

कुंडली में लक्ष्मी योग: नवमेश और लग्नेश के नियम, प्रकार और उदाहरण

कुंडली में लक्ष्मी योग के पाराशरी लग्नेश-नवमेश सूत्र तथा शुक्र-नवमेश प्रकार की तुलना और उदाहरणों सहित सटीक जाँच विधि समझें।

11 मिनट का अध्ययन

ज्योतिष में सरस्वती योग: गुरु, शुक्र और बुध के नियम तथा कुंडली उदाहरण

फलदीपिका के अनुसार गुरु, शुक्र और बुध की भाव-स्थिति, गुरु के राशि-बल तथा कुंडली उदाहरणों से सरस्वती योग की सटीक जाँच करें।

10 मिनट का अध्ययन

कृत्तिका नक्षत्र: मेष-वृषभ के अंश, चार चरण और अग्नि प्रतीक

२६°४०′ मेष से १०°००′ वृषभ तक कृत्तिका नक्षत्र की सीमा, चार चरणों के नवांश, अग्नि प्रतीक और ३०° राशि-सीमा के पार चंद्र देशांतर की गणना समझें।

10 मिनट का अध्ययन

मृगशीर्ष नक्षत्र: वृषभ-मिथुन के अंश, चार चरण और सोम प्रतीक

२३°२०′ वृषभ से ६°४०′ मिथुन तक मृगशीर्ष नक्षत्र के चार चरण, वृषभ व मिथुन चंद्र-राशि का अंतर, नवांश मैपिंग और सोम प्रतीक की सटीक गणना समझें।

10 मिनट का अध्ययन

मघा नक्षत्र: सिंह के अंश, चार चरण, पितृ प्रतीक और सीमा नियम

०°००′ से १३°२०′ सिंह में मघा नक्षत्र के चार चरण, १२०° कर्क-सिंह गंडांत संधि, केतु दशा-शेष और पितृ प्रतीक को बिना भय या अंधविश्वास के समझें।

10 मिनट का अध्ययन

चित्रा नक्षत्र: कन्या-तुला के अंश, चार चरण और त्वष्टा प्रतीक

२३°२०′ कन्या से ६°४०′ तुला तक चित्रा नक्षत्र के चार चरण, १८०° पर चित्रापक्ष अयनांश में चित्रा तारे की भूमिका और त्वष्टा प्रतीक की गणना समझें।

10 मिनट का अध्ययन

मूल नक्षत्र: धनु के अंश, चार चरण, निर्ऋति प्रतीक और गंडांत

०°००′ से १३°२०′ धनु में मूल नक्षत्र के चार चरण, २४०° ज्येष्ठा-मूल गंडांत और अभुक्त मूल की सटीक सीमा तथा निर्ऋति प्रतीक को बिना भय के समझें।

13 मिनट का अध्ययन

सुनफा योग: चंद्रमा से द्वितीय भाव, पात्र ग्रह और कुंडली उदाहरण

वैदिक ज्योतिष में सुनफा योग की जाँच: जन्म-चंद्रमा से द्वितीय भाव में पात्र ग्रह, पाँच ग्रह-भेद, सूर्य-राहु अपवाद और कुंडली उदाहरण समझें।

10 मिनट का अध्ययन

अनफा योग: चंद्रमा से द्वादश भाव, ग्रह भेद और कुंडली उदाहरण

कुंडली में अनफा योग की सटीक जाँच: जन्म-चंद्रमा से द्वादश भाव में सूर्य-रहित पात्र ग्रह, पाँच ग्रह-प्रकार, केमद्रुम से अंतर और उदाहरण जानें।

12 मिनट का अध्ययन

दुरधरा योग: चंद्रमा के दोनों ओर (द्वितीय व द्वादश भाव) ग्रह और उदाहरण

चंद्रमा से द्वितीय और द्वादश दोनों भावों में ग्रह होने पर बनने वाले दुरधरा (दुरुधरा) योग, 10 ग्रह-युग्म, कर्तरी भेद और कुंडली उदाहरण समझें।

13 मिनट का अध्ययन

वेशी योग: सूर्य से द्वितीय भाव, अस्त जाँच और कुंडली उदाहरण

सूर्य से द्वितीय राशि में बनने वाले वेशी योग, बुध-शुक्र की कोणीय दूरी, राशि-संधि पर अस्त (दग्ध) जाँच और कुंडली उदाहरण विस्तार से समझें।

12 मिनट का अध्ययन

वाशी योग: सूर्य से द्वादश भाव, ग्रह प्रकार और कुंडली उदाहरण

सूर्य से द्वादश राशि में बनने वाले वाशी (वोशी) योग, प्राची-उदित ग्रह स्थिति, अंश-दूरी से अस्त जाँच तथा वेशी-उभयचारी से अंतर उदाहरण सहित जानें।

11 मिनट का अध्ययन

पुनर्वसु नक्षत्र: मिथुन-कर्क के अंश, चार चरण और अदिति प्रतीक

२०°००′ मिथुन से ३°२०′ कर्क तक पुनर्वसु नक्षत्र के अंश, चारों चरणों के नवांश, अदिति प्रतीक और ९०° राशि-सीमा के पार गुरु दशा की गणना समझें।

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