सारोस ग्रहण-चक्र क्या है?
सारोस लगभग 6,585.3 दिनों की अवधि है, जिसे अक्सर करीब 18 वर्ष, 11 दिन और 8 घंटे कहा जाता है। इसके बाद ग्रहण की मिलती-जुलती ज्यामिति लौट सकती है। कारण यह है कि 223 चंद्रकला-चक्र लगभग 242 समान कक्षीय पात-वापसियों और 239 उपभू-चक्रों के बराबर पड़ते हैं।
यहाँ लगभग शब्द आवश्यक है। संबंधित ग्रहण की अवधि, संरेखण और दृश्यता बदल सकती है। सारोस से ग्रहण-परिवार समझे और व्यवस्थित किए जाते हैं; किसी पुरानी तारीख में मोटी अवधि जोड़ देने से आपके शहर का पूरा अवलोकन-पूर्वानुमान नहीं बनता।
तीन तरह के चंद्र-मास का मेल क्यों चाहिए?
कला-चक्र चंद्रमा को सूर्य के सापेक्ष मिलती-जुलती स्थिति में लौटाता है। पात-चक्र उसे उस स्थान के पास लौटाता है जहाँ उसकी झुकी कक्षा का तल क्रांतिवृत्त को काटता है। उपभू-चक्र पृथ्वी से बदलती दूरी के एक जैसे चरण की ओर लौटाता है। ये अलग घड़ियाँ हैं; एक का मेल होने से पूरी व्यवस्था नहीं दोहरती।
| मास | क्या दोहरता है | औसत दिन | गुणक | हमारा गुणनफल: दिन |
|---|---|---|---|---|
| सिनोडिक | चंद्रकला का चक्र | 29.530589 | 223 | 6585.321347 |
| ड्रैकोनिक | उसी कक्षीय पात पर वापसी | 27.212221 | 242 | 6585.357482 |
| एनोमलिस्टिक | उपभू से अगले उपभू तक | 27.554550 | 239 | 6585.537450 |
मास की ये औसत लंबाइयाँ NASA की ग्रहण-आवृत्ति चर्चा में 2000 ईस्वी के युग के लिए दी गई हैं। प्रत्येक वास्तविक परिक्रमा की अवधि हमेशा इतनी ही नहीं रहती। अंतिम स्तंभ हमारे द्वारा दिखाए गए गोल किए हुए अंकों का गुणन है, नया ग्रह-सारणी आधारित पूर्वानुमान नहीं।
संरेखण की मूल बात के लिए हर महीने ग्रहण क्यों नहीं लगता पढ़ें। चंद्रकला के मास और तारों के सापेक्ष वापसी का अंतर साइडीरियल और सिनोडिक चंद्र-मास में है। उस साइडीरियल मास को यहाँ प्रयुक्त ड्रैकोनिक मास न समझें।
मेल और बचा हुआ अंतर स्वयं निकालें
पहला चरण है 223 × 29.530589 = 6585.321347 दिन। पात-वापसी वाले मासों का गुणनफल 6585.357482 दिन है। दूसरे में से पहला घटाएँ और दिन को मिनट में बदलें: 0.036135 × 1440 = 52.0344 मिनट।
उपभू-चक्र का गुणनफल कला-चक्र के गुणनफल से 0.216103 दिन अधिक है। यह 311.18832 मिनट, यानी लगभग 5 घंटे 11 मिनट है। लगभग अठारह वर्षों की अवधि में तीनों परिणाम पास आते हैं, लेकिन बराबर नहीं हो जाते।
इस तुलना से चक्र का उपयोग और उसकी सीमा दोनों स्पष्ट होते हैं। निकट मेल से ग्रहणों में पारिवारिक समानता दिख सकती है। बचा हुआ अंतर बताता है कि हर अगला सदस्य बिल्कुल वही विन्यास फिर से नहीं बनाता। ये हमारे औसत-चक्र गुणनफलों के बीच अंतर हैं; किसी विशेष ग्रहण के संपर्क-क्षण की त्रुटि-सीमा नहीं।
गणना में प्रयुक्त अंकों की सीमित सटीकता याद रखें। छह दशमलव दिखाना हिसाब दोहराने में सहायक है। इससे कोई औसत अवधि अपने आप भविष्य की घटना का छह-दशमलव सटीक समय नहीं बन जाती।
“18 वर्ष 11 दिन” केवल संक्षिप्त संकेत क्यों है?
वर्षों की संख्या कैलेंडर की अभिव्यक्ति है और दिनों की संख्या एक अवधि है। दोनों को मिलाने के लिए वास्तविक तारीख-अंतर में आए अतिरिक्त अधिवर्ष-दिन गिनने पड़ते हैं। दो उदाहरण देखें:
| बीच में अतिरिक्त अधिवर्ष-दिन | 18 × 365 + अतिरिक्त दिन | मॉडल सारोस में बचे दिन |
|---|---|---|
| 4 | 6574 | 11.321347 |
| 5 | 6575 | 10.321347 |
चार अतिरिक्त दिनों वाले उदाहरण में मॉडल के लगभग 11.32 दिन बचते हैं। पाँच वाले में लगभग 10.32 दिन। इससे आम संक्षिप्त कथनों का कारण समझ आता है, लेकिन यह सभी तारीखों का पूरा नियम नहीं है। ग्रेगोरियन शताब्दी-अपवाद और शुरुआती तारीख की स्थिति के लिए वास्तविक कैलेंडर-गणना चाहिए।
दिन का भिन्नात्मक हिस्सा भी आवश्यक है। देर रात की घटना में अतिरिक्त घंटे जुड़ने पर कैलेंडर की तारीख अगले दिन पहुँच सकती है। पहले पूरे समय-अंक के साथ अंतर निकालें, फिर दर्शक के समय-क्षेत्र में बदलें। समय-पैमाने के बिना लिखी तारीख एक दिन का अंतर छिपा सकती है।
पृथ्वी पर दृश्यता का क्षेत्र क्यों खिसकता है?
हमारे औसत कला-चक्र गुणनफल में पूरे दिनों के बाद 0.321347 दिन बचता है। घंटों में 0.321347 × 24 = 7.712328 घंटे। अब जानबूझकर सरल 360°-प्रति-दिन घूर्णन मॉडल लें: अतिरिक्त घुमाव 0.321347 × 360 = 115.684920° होगा।
इससे “लगभग आठ घंटे” और “लगभग 120° पश्चिम की ओर” वाले वर्णन का आशय समझ में आता है। यह बीच की अवधि में पृथ्वी के घूर्णन का उदाहरण है, किसी ग्रहण के देशांतर का पूर्वानुमान नहीं। वास्तविक नक्शे में विस्तृत कक्षा, बदलते संरेखण और पृथ्वी के घूर्णन का उपयुक्त मॉडल चाहिए।
सूर्यग्रहण के लिए तुलना पृथ्वी पर चलती छाया के मार्ग की होती है। चंद्रग्रहण में प्रश्न है कि घटना के समय किन क्षेत्रों में चंद्रमा क्षितिज से ऊपर होगा। चंद्रग्रहण पूर्ण सूर्यग्रहण जैसा संकरा जमीन पर बना मार्ग नहीं देता। इसलिए सूर्यग्रहण का पथ-चित्र उठाकर सीधे चंद्रग्रहण की दृश्यता न मानें।
तीन सारोस का एक्सेलिग्मोस क्या जोड़ता है?
तीन सारोस की अवधि को एक्सेलिग्मोस कहा जाता है। उसी औसत अवधि को गुणा करने पर दिखता है कि तीन आवृत्तियों बाद दिन की घड़ी शुरुआती हिस्से के पास क्यों लौटती है:
| सारोस की संख्या | कुल दिन | पूरे दिनों के बाद शेष घंटे |
|---|---|---|
| 1 | 6585.321347 | 7.712328 |
| 2 | 13170.642694 | 15.424656 |
| 3 | 19755.964041 | 23.136984 |
तीन चक्रों बाद शेष 23.136984 घंटे है। यह एक और पूरा दिन होने के निकट है, लेकिन इस मॉडल में लगभग 51 मिनट 47 सेकंड कम है। लगभग पूरे अतिरिक्त दिन को हटाकर घड़ी देखें तो उसका अंक एक सारोस बाद की तुलना में मूल अंक के अधिक पास आता है।
दिन के समय की यह निकट वापसी व्यापक भौगोलिक पुनरावृत्ति समझने में उपयोगी है। इससे समान अक्षांश, ग्रहण-प्रकार, अवधि या उसी आँगन से साफ दृश्य का वचन नहीं मिलता। घूर्णन का समय पास लौटने पर भी कक्षीय अंतर बढ़ते रह सकते हैं।
चंद्र-सारोस 131 के तीन सदस्य तुलना करें
NASA की सारोस 131 सूची ठोस तुलना देती है। समय-स्तंभ का शीर्षक TD of greatest eclipse है: अधिकतम ग्रहण के क्षण का डायनेमिकल समय। ये सूची में गणना किए गए समय हैं, स्थानीय घड़ी के अंक या किसी एक स्थान से किए अवलोकन का दावा नहीं।
| क्रम | ग्रेगोरियन तारीख | अधिकतम ग्रहण का TD | पूर्णता की अवधि: मिनट |
|---|---|---|---|
| 32 | 1986-04-24 | 12:43:30 | 63.6 |
| 33 | 2004-05-04 | 20:31:17 | 75.5 |
| 34 | 2022-05-16 | 04:12:42 | 84.9 |
दिखाए गए पूरे ग्रेगोरियन समय-अंकों को घटाने पर पहला अंतर 6,585 दिन 7 घंटे 47 मिनट 47 सेकंड है। दूसरा 6,585 दिन 7 घंटे 41 मिनट 25 सेकंड है। दोनों औसत-चक्र उदाहरण के पास हैं, लेकिन न आपस में बिल्कुल समान हैं, न स्थिर “आठ घंटे” नियम के बराबर।
पूर्णता की अवधि भी 63.6, 75.5 और 84.9 मिनट है। इसलिए एक परिवार का सदस्य होना बिल्कुल वही घटना दोहराना नहीं है। यहाँ पूर्णता की अवधि केवल पूर्ण ग्रहण के चरण की है, पूरी उपच्छाया-से-उपच्छाया घटना की नहीं।
सूची का TD चिह्न बनाए रखें। पृथ्वी-घूर्णन पर आधारित समय में बदलने के लिए उचित समय-पैमाना संबंध चाहिए; नागरिक घड़ी में दिखाने के लिए स्थान के समय-क्षेत्र नियम भी लगते हैं। TD स्तंभ में केवल 5 घंटे 30 मिनट जोड़कर उसे भारतीय स्थानीय समय न लिखें।
श्रृंखला एक क्रम है, हमेशा समान लौटने का वचन नहीं
NASA चंद्र-सारोस 131 के 72 ग्रहणों को उपच्छायीय, आंशिक और पूर्ण सदस्यों में बाँटता है। समय के साथ परिवार इन श्रेणियों से गुजरता है। 131 उसकी पहचान है, उसके ग्रहणों के बीच वर्षों की संख्या नहीं।
संख्या के साथ चंद्र या सूर्यग्रहण की सूची का संदर्भ भी रखें। केवल “सारोस 131” लिखकर ग्रहण का प्रकार छोड़ देना अधूरी पहचान है। उदाहरण दर्ज करते समय तारीख, सूची का प्रकार और सदस्य-क्रम एक साथ लिखें ताकि दूसरा पाठक उसी प्रविष्टि तक पहुँच सके।
परिवार का संबंध तुलना के लिए उपयोगी है: पूर्णता कितनी बदली, अधिकतम ग्रहण कहाँ हुआ और किसी शहर से कौन-सा भाग दिखा? इन प्रश्नों के उत्तर के लिए फिर भी अलग घटना का विवरण चाहिए। चक्र घटनाओं का संबंध देता है, उनके सारे स्थानीय हालात नहीं।
अपने शहर के लिए सही प्रश्न कैसे पूछें?
| प्रश्न | क्या जाँचें | सारोस अकेला क्या नहीं बताता |
|---|---|---|
| कौन-सा ग्रहण? | तारीख, प्रकार और आधिकारिक घटना-पृष्ठ | सिर्फ श्रृंखला संख्या पूरी घटना नहीं है |
| कहाँ से? | शहर या सही अक्षांश–देशांतर | पृथ्वी पर समान दृश्यता नहीं होती |
| किस समय-पैमाने में? | TD, UT/UTC और स्थानीय समय का सही रूपांतरण | तालिका की घड़ी को स्थानीय मानना गलत हो सकता है |
| चंद्रमा कहाँ होगा? | संपर्क-क्षणों पर ऊँचाई तथा चंद्रोदय–चंद्रास्त | विश्वव्यापी ग्रहण का पूरा भाग हर शहर से नहीं दिखता |
| क्षितिज और मौसम? | स्थानीय बाधाएँ और उस समय की दशाएँ | ज्यामितीय दृश्यता साफ आकाश की गारंटी नहीं है |
पहले ग्रहण के संपर्क-क्षण और स्थानीय दृश्यता का लेख पढ़ें। फिर क्षितिज जाँच के एक भाग के रूप में स्थानीय चंद्रोदय–चंद्रास्त देखें। केवल उदय-अस्त उपकरण सभी ग्रहण-संपर्क नहीं निकालता और न यह सिद्ध करता है कि पूरा पूर्णता-चरण आपके क्षितिज से ऊपर है।
उपयोगी नोट ऐसा हो सकता है: “यह पिछली घटना की चंद्र-श्रृंखला का सदस्य है; मैंने तारीख, समय-पैमाना, संपर्क और स्थानीय क्षितिज अलग जाँचे हैं।” यह “अठारह वर्ष बाद ग्रहण यहीं लौटेगा” कहने से अधिक स्पष्ट जानकारी देता है।
पाँच चरणों का अभ्यास स्वयं करें
- स्पष्ट पहचान वाली एक चंद्र-सारोस सूची से दो लगातार सदस्य चुनें।
- उनकी पूरी तारीख और समय, समय-पैमाने के चिह्न सहित लिखें।
- घड़ी के भाग को छोड़े बिना अंतर निकालें और 6,585.3 दिनों से तुलना करें।
- पूर्णता की अवधि जैसा दूसरा गुण भी तुलना करें, ताकि समानता और हूबहू पुनरावृत्ति का अंतर दिखे।
- अवलोकन की योजना के लिए औसत गणना बढ़ाते जाने के बजाय उस घटना की अपनी स्थानीय परिस्थितियाँ लें।
इस अभ्यास में तीन स्तर अलग रहते हैं: औसत चक्र का मॉडल, सूची की गणना और दर्शक का स्थानीय दृश्य। सारोस को समझते समय यही स्पष्टता सबसे उपयोगी आदत है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
क्या सारोस ठीक 18 वर्ष है?
नहीं। यह लगभग 6,585.3 दिन है। इसे वर्ष और दिन में लिखने पर अधिवर्ष-दिन तथा पूरा समय-अंक प्रभाव डालते हैं; मोटा कैलेंडर-वाक्य सटीक आवृत्ति-नियम नहीं है।
सारोस में 223 मास क्यों आते हैं?
223 सिनोडिक मास लगभग 242 ड्रैकोनिक और 239 एनोमलिस्टिक मास के बराबर होते हैं। इससे कला, पात और दूरी की ज्यामिति दोहराव के पास आती है।
क्या श्रृंखला का अगला ग्रहण मेरे शहर से दिखेगा?
केवल श्रृंखला का संबंध यह तय नहीं करता। चंद्रग्रहण के लिए घटना का समय, आपका स्थान और उस समय चंद्रमा की क्षितिज-स्थिति अलग जाँचें।
एक्सेलिग्मोस क्या है?
यह तीन सारोस की अवधि है। दिन का समय दोहराव के अधिक पास आता है, लेकिन समान स्थानीय दृश्यता, अवधि या ग्रहण-प्रकार की गारंटी नहीं होती।
क्या NASA सूची का TD समय UTC ही है?
नहीं। प्रकाशित समय-पैमाने का नाम बनाए रखें। डायनेमिकल समय, पृथ्वी-घूर्णन समय और नागरिक समय को स्थानीय घड़ी में बदलने से पहले सही तरीके से संभालना पड़ता है।
क्या एक सारोस श्रृंखला के सभी ग्रहण समान अवधि के हैं?
नहीं। यहाँ सारोस 131 के तीन उदाहरणों की पूर्णता अलग अवधि की है। मिलती-जुलती कक्षीय ज्यामिति पिछली घटना की हूबहू नकल नहीं होती।